Home Sports फुटबॉल के लिए हर तरफ से आग लगनी चाहिए

फुटबॉल के लिए हर तरफ से आग लगनी चाहिए

0
फुटबॉल के लिए हर तरफ से आग लगनी चाहिए

फुटबॉल का वर्ल्ड कप चार वर्ष में एक बार आता है। इसमें दुनिया भर के स्टार खिलाड़ियों को एक साथ देखने का मौका होता है। मैं सारे स्टारों को सारी टीमों को एक दूसरे के खिलाफ खेलते हुए देखना चाहता हूं। अर्जेंटीना का लियोनेल मेसी वो स्टार खिलाड़ी है जिसे मैं खेलते हुए देखना सबसे ज्यादा पसंद करता हूं। मैं चाहता हूं कि स्पेन की टीम इस बार चैंपियन बने। भारतीय फुटबॉल बढ़ रहा है। खिलाड़ी, कोच, दर्शक, मीडिया, सरकार हर तरफ से आग लगनी चाहिए। फुटबॉल के लिए हम सभी को मिलकर आगे आना चाहिए। वर्ल्ड कप आता है हर खेल प्रेमी सोचता है कि हमारी
टीम इसमें क्यों नहीं खेल रही है? वर्ल्ड कप तो दूर हम अभी एशिया में टॉप-10 में भी नहीं हैं। हमें पहले एशिया में टॉप-10 में आना होगा। इसके बाद टॉप-5 का लक्ष्य होना चाहिए। इसमें भी वक्त लगेगा। इसके लिए हमें जापान, साउथ कोरिया और ईरान जैसी टीमों से लगातार हर दो माह में मैच खेलने होंगे। हमारे बच्चों को अपने माता-पिता और खेल प्रेमियों का समर्थन चाहिए। मैं तीस साल की उम्र पार कर चुका हूं। थोड़ा बूढ़ा भी हो रहा हूं।

उस दिन टाइम से ब्रेकफास्ट नहीं किया था इसलिए वो भावुकतापूर्ण वीडियो बनाकर लोगों से अपील कर डाली कि इंटरकॉंटिनेंटल कप टूर्नामेंट में टीम का हौसला बढ़ाने के लिए स्टेडियम आओ, भले ही हमारी आलोचना करो पर मैच देखने आओ। वैसे मैं अभी खेलना जारी रखूंगा।

टूर्नामेंट में बहुत शानदार प्रदर्शन

हमारी टीम ने इस टूर्नामेंट में बहुत शानदार प्रदर्शन किया। हारे भी और जीते भी। मेरा सपना है कि हमारे देश में जो भी बच्चा खेलना चाहे उसे कोचिंग पाने का मौका मिलना चाहिए। ओलंपिक आता है तो हम कहते हैं कि इतने कम पदक क्यों मिले हैं? लेकिन क्या हमारे देश में बच्चों को मौका मिल रहा है। इस बार फीफा की तरफ से दुनिया भर से चुने हुए 64 बच्चों को मैच बॉल कैरियर के रूप में हर मैच में मैदान में उतरने का मौका मिल रहा है। ये नजदीक से वर्ल्ड कप के मैच देखेंगे। भारत से भी दो बच्चे इस भूमिका के लिए चुने गए हैं। इनमें एक लड़का और एक लड़की है। इनक लिए यह ऐतिहासिक मौका है, ये वर्ल्ड कप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। मुझे इनसे ईर्ष्या हो रही है। ये मौका बीस साल पहले तब क्यों नहीं आया था जब मै दस वर्ष का था। इसके लिए मैं कुछ भी कर जाता। इनकी उम्र में मैं इतना ज्ञानी नहीं था। जब ये बच्चे वापस आएंगे तो बहुत ज्ञानी होंगे। मेरे माता-पिता फुटबॉल खेलते रहे हैं मैं उन्हें बताता हूं कि उनका साथ मेरे लिए कितना महत्वपूर्ण है। क्या आपको कभी आपके बच्चे ने बताया है कि वो क्या करना चाहता है। आपको उसका समर्थन करना चाहिए। मेरे माता-पिता ने मेरा बहुत साथ दिया है इसीलिए मैं यहां तक पहुंच सका हूं। वो मेरे दोस्त, समर्थक और आलोचक हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Verified by MonsterInsights