प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना: पात्र परिवारों को प्रति वर्ष मिलती है 5 लाख रु. तक की निःशुल्क उपचार की सुविधा
प्रखंडस्तरीय स्वास्थ्य मेला: लोगों को दी गई स्वास्थ्य से संबंधित आवश्यक जानकारी
बाँका के कटोरिया रेफरल अस्पताल में प्रखंडस्तरीय स्वास्थ्य मेला का आयोजन, 711 मरीजों की हुई स्वास्थ्य जाँच
नाथनगर में लगे स्वास्थ्य मेले में 583 लोगों की जांच व इलाज हुआ
देश में आज स्किलफुल एजुकेशन की जरूरत है जिसकी पूर्ति सीईजीआर कर रहा है- राजेंद्र अग्रवाल, सांसद
– सीईजीआर विगत दस वर्षों में कई मिसाल कायम किए- प्रो. केके अग्रवाल, चेयरमैन, एनबीए
-सीईजीआर का 10 वां वार्षिक स्थापना दिवस का भव्य आयोजन हुआ संगरिला होटल नईदिल्ली में
ऩईदिल्ली-
देश आज स्किलफुल एजुकेशन की जरूरत है जिसकी पूर्ति के लिए सेंटर फोर एजुकेशन ग्रोथ एंड रिसर्च लगातार प्रयास कर रहा है। यह बात सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने सेंटर फॉर एजुकेशन गोथ एंड रिसर्च, सीईजीआर का 10 वें वार्षिक स्थापना दिवस को संबोधित करते हुए कही। उन्होंने कहा कि आज देश में तेजी से एजुकेशन में बदलाव आ रहा है जिसके लिए सरकार ने न्यू एजुकेशन पॉलिसी लाई है। जिसपर आज देश के शिक्छाविद् कार्य कर रहे हैं।
सीईजीआर के दसवें हायर सम्मिट के उद्घाटन सत्र में राज्यसभा सांसद डॉक्टर अहमद अशफाक करीम ने संबोधित करते हुए कहा कि देश में तेजी से एजुकेशन में बदलाव आया है। खासतौर एजुकेशनिस्ट की ज्यादा जिम्मेदारी बढ़ गई है। जिसके हम सब प्रयास कर रहे हैं।
इस मौके पर भाजपा की नेशनल सेक्रेटरी अलका गुर्जर ने एजुकेशनिस्ट को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश में बेहतर एजुकेशन के लिए कई तरह के बदलाव किए हैं जिसे आगे बढ़ाने में सदा सीईजीआर आगे रहा है। आज जब कोविड को हरा कर भारत आगे बढ़ा है तो ऐसे स्टेक हेल्डर पर विशेष जिम्मेदारी आ गई है।
नेशनल बोर्ड ऑफ एक्रिडेशन के चेयरमैन डॉ के. के. अग्रवाल ने कहा कि सीईजीआर विगत दस वर्षों में कई मिसाल कायम किया है। जिसका लाभ एजुकेशन सेक्टर को मिला है। सीईजीआर ने कई रिकमेंडेशन किए हैं जिसे सरकार ने स्वीकारा है। आज देश को सीईजीआर जैसी संस्थान की जरूरत है।
डॉ केके अग्रवाल ने सीईजीआर के डायरेक्टर रविश रोशन को बधाई देते हुए कहा कि इन्होंने जितने कार्य अभी तक किए इससे सरकार को काफी उम्मीदें है। निश्चिततौर पर देश के छात्रों को सीईजीआर से काफी लाभ मिलेगा।
इस मौके पर एआईसीटीई के सलाहकार डॉ नीरज सक्सेना ने संबोधित करते हुए कहा कि आज देश के इंडस्ट्री को ऐसे युवा चाहिए जो ज्यादा प्रायोगिक कार्य में बेहतर हो। जिसके लिए अब एकेडमिया-इंडस्ट्री के तालमेल की जरूरत है जिसकी पूर्ति हो रही है। जिसके लिए एआईसीटीई ने कई प्रयास किए हैं।
एआईसीटीई के सलाहकार प्रो. रमेश उन्नीकृष्ण ने संबोधित करते हुए कहा कि वे विगत कई वर्षों से सीईजीआर के कार्यक्रम में आ रहे हैं जिसप्रकार से एजुकेशन को बेहतर बनाने पर कार्य कर रहा है यह अद्भूत है इसका प्रतिफल भी दिखाई दे रहा है।
इस मौके पर सीबीएसई के डायरेक्टर डॉ विश्वजीत साहा ने कहा कि सीईजीआर केवल एजुकेशनिस्ट ही नहीं बल्कि रेगुलेटरों को भी अवसर दिया है जहां हम अपनी बात को संस्थानों के सामने रखते हैं। सीईजीआर के प्लेटफार्म पर ही एआईसीटी के रेगुलेटरों से भी सीधे तौर पर सामंजस्य की बात हो रही है। यह अपने आप में एक मिसाल है।
सीईजीआर के दसवे हायर एजुकेशन को संबोधित करते हुए एआईसीटीई के सलाहकार प्रो. आरके सोनी ने कहा कि जिस प्रकार से रेगुलेटर और संस्थानों के बीच सीईजीआर ने कड़ी का कार्य किया है जिसका फायदा संस्थानों के साथ साथ देश को भी मिल रहा है। विगत दस वर्षों में कई संस्थानों की समस्याओं का भी समाधान मिला है। वहीं सरकार की नीतियों को लागू करने में भी सहायता मिल रही है।
सीईजीआर के प्रेसिंडेंट व एएएफटी के चासंलर डॉ संदीप मारवाह ने कहा कि उन्हें काफी खुशी हो रही है कि इस खास आयोजन में देश भर के एजुकेशनिस्ट ने शिरकत किए। जिस प्रकार से सीईजीआर ने विगत वर्षों में कार्य किया है वह सबके सामने है। आज देश में बेहतर कार्य करने की जरूरत है जिसके लिए हम सदा तैयार है।
सम्मिट में धन्यवाद ज्ञापन करते हुए सीईजीआर के डायरेक्टर रविश रोशन ने कहा कि आज विगत दस वर्षों का सफर एजुकेशनिस्ट के सहयोग से ही पूरा हुआ है जो निरंतर जारी है। सीईजीआर को देश एजुकेशन का सबसे बड़ा एजुकेशन थिंक टैंक है. जिसके पास चार एनोवेशन का क्रेडिट प्राप्त है। सीईजीआर के साथ दस हजार से ज्यादा एकेडमिशियन जुड़े हैं जिसमें सत्तर से ज्यादा वीसी जुड़े हैं जिनका मार्गदर्शन लगातार मिलता रहा है।
गौरतलब है कि सीईजीआर का दसवां स्थापना दिवस संगरीला होटल नई दिल्ली में आयोजित किया गया है जिसमें देश के विभिन्न संस्थानों के करीब दो सौ से ज्यादा एजुकेशनिस्टों ने भाग लिया।
आजादी का अमृत महोत्सव: जिले में प्रखण्ड स्तरीय स्वास्थ्य मेला का आगाज, -लोगों में दिखा उत्साह, दी गई स्वास्थ्य से संबंधित आवश्यक जानकारी
एचआईवी पॉजिटिव गर्भवती महिला से उसके बच्चे में भी एचआईवी का खतरा
भीषण गर्मी और लू से निपटने के लिए बेहतर चिकित्सकीय प्रबंधन में जुटा स्वास्थ्य विभाग
380 लोगों ने कराई जांच, 245 का हुआ इलाज
पीरपैंती में 745 लोगों की हुई जांच
-भागलपुर में स्वास्थ्य मेला का हुआ आगाज
-22 अप्रैल तक प्रखंडों में लगेगा स्वास्थ्य मेला
भागलपुर, 18 अप्रैल।
आजादी के अमृत महोत्सव के उपलक्ष्य पर जिले में स्वास्थ्य मेला का सोमवार को आगाज हुआ। इसके तहत सभी प्रखंडों में 22 अप्रैल तक एक दिन स्वास्थ्य मेला का आयोजन किया जाएगा। सोमवार को पहले दिन पीरपैंती रेफरल अस्पताल में स्वास्थ्य मेला लगाया गया। मेला का उद्घाटन अस्पताल के प्रभारी डॉ. सुकेश कुमार चौरसिया की मौजूदगी में हुआ। मौके पर स्वास्थ्य प्रबंधक प्रणव कुमार और केयर इंडिया के ब्लॉक मैनेजर राजेश कुमार यादव भी मौजूद थे।
मेला में 745 लोगों ने रजिस्ट्रेशन कराया। सभी लोगों की जांच की गई। जांच के बाद लोगों को आवश्यकतानुसार दवा दी गई। साथ ही लोगों को सलाह भी दी गई। कई लोगों की जांच के तत्काल बाद इलाज किया गया तो कुछ लोगों की जांच के लिए सैंपल लिए गए। सैंपल की रिपोर्ट एक-दो दिनों में आ जाने के बाद ऐसे लोगों का जरूरत पड़ने पर इलाज किया जाएगा और उचित स्वास्थ्य सलाह दी जाएगी। मेला के दौरान लोगों का उत्साह देखते ही बन रहा था। एक-एक काउंटर पर काफी संख्या में लोग अपनी जांच और इलाज करवाने के लिए कतारबद्ध तरीके से खड़े रहे।
कई तरह के स्टॉल लगाए गए थेः अस्पताल प्रभारी डॉ. सुकेश कुमार चौरसिया ने बताया कि स्वास्थ्य मेला को लेकर काफी पहले से प्रचार-प्रसार किया जा रहा था, इसलिए काफी संख्या में लोग जांच कराने के लिए पहुंचे। मेला के दौरान कई स्टॉल लगाए गए थे, जहां बड़ी संख्या में लोगों ने अपनी स्वास्थ्य जांच करवाई। बीपी, शुगर की जांच की रिपोर्ट तत्काल दी गई और दवा भी दी गई। वहीं टीबी जैसी बीमारी की जांच के लिए सैंपल लिया गया, जिसकी रिपोर्ट आ जाने के बाद लोगों का जरूरत पड़ने पर इलाज किया जाएगा। साथ ही आवश्यक परामर्श भी दी जाएगी।
मलेरिया से लेकर कोरोना जांच तक की थी व्यवस्थाः पीरपैंती रेफरल अस्पताल के मैनेजर प्रणव कुमार ने बताया कि मेला के दौरान हर तरह की जांच की व्यवस्था थी। मलेरिया, टीबी से लेकर कोरोना जांच तक की व्यवस्था मेले के दौरान थी। इसके अलावा बीपी, शुगर और ब्लड जांच की भी व्यवस्था थी, जिसकी रिपोर्ट तत्काल आ रही थी। इस दौरान लोगों को अभी के मौसम में एहतियात बरतने की सलाह दी गई। साथ ही गर्मी और लू से बचने के लिए धूप में नहीं निकलने के लिए कहा गया। साथ ही साथ में ओआरएस घोल रखने की सलाह भी लोगों को दी गई। साथ ही लोगों को कोरोना से बचने के लिए गाइडलाइन का पालन करने के लिए कहा गया। मास्क लगाने और सामाजिक दूरी का पालन करने के लिए कहा गया।