शहीदों को 110 करोड़ दान करना चाहते हैं दृष्टिहीन साइंटिस्ट

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कोटा के स्थानीय निवासी 44 वर्षीय मुर्तजा ए. हामिद ने अपनी कर योग्य आय में से 110 करोड़ रुपये पुलवामा हमले में शहीद हुए जवानों के परिवारवालों को दान करने की इच्छा व्यक्त की है। मुर्तजा फिलहाल मुंबई में रहते हैं। वह शहीद जवानों के परिवारवालों की मदद करना चाहते हैं, जिसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष में यह दान जमा करने की मंशा जाहिर की है। इसके लिए हामिद ने प्रधानमंत्री कार्यालय को एक ई-मेल भेजा है, जिसमें उन्होंने इस बात का जिक्र किया है कि वह दान के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलना चाहते हैं। जन्म से ही अपनी ही आंखों की रोशनी खो चुके हामिद ने कोटा के गवर्नमेंट कॉमर्स कॉलेज से कॉमर्स में ग्रैजुएशन किया। वर्तमान में वह मुंबई में बतौर रिसर्चर और साइंटिस्ट के रूप में कार्यरत हैं।

पीएम झूठ बोल रहे हैं-राहुल

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नई दिल्ली

पीएम नरेंद्र मोदी के अमेठी दौरे के एक दिन बाद कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने पीएम पर झूठ बोलने का आरोप लगाया है। दूसरी तरफ, 2014 लोकसभा चुनाव में अमेठी में राहुल को टक्कर देने वाली केंद्रीय मंत्री स्मृति इराऩी ने कांग्रेस अध्यक्ष पर पलटवार किया है। राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा कि अमेठी में ऑर्डिनेंस फैक्ट्री का उद्घाटन वह 2010 में ही कर चुके हैं और वहां पिछले कई सालों से छोटे हथियारों का उत्पादन चल रहा है। कांग्रेस अध्यक्ष को जवाब देते हुए स्मृति इरानी ने उनके दावे पर सवाल उठाया।

गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राहुल गांधी के संसदीय क्षेत्र अमेठी के कोरवा में ऑर्डिनेंस फैक्ट्री का उद्घाटन किया। इंडियन आर्मी की पुरानी इंसास राइफलों को रिप्लेस करने के लिए इस ऑर्डिनेंस फैक्ट्री में रूस के साथ मिलकर करीब साढ़े 7 लाख AK-203 राइफलों का निर्माण होगा। अमेठी में पीएम ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर तीखे हमले बोले। इसके अगले दिन कांग्रेस अध्यक्ष ने ट्वीट कर पीएम मोदी पर ‘आदतन’ झूठ बोलने का आरोप लगाया।

पाक आर्मी अस्पताल में जैश प्रमुख मसूद अजहर का इलाज

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लाहौर-

मसूद अजहर की बीमारी की खबरें तो पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी द्वारा सामने आ चुकी हैं। आतंकी मसूद अजहर की तबीयत बेहद खराब है और किडनी भी खराब हो चुकी है। गौरतलब है कि मसूद अजहर का इलाज पाकिस्तानी सेना के अस्पताल में चल रहा है। जिस अस्पताल में मसूद अजहर का इलाज चल रहा है वह रावलपिंडी में मौजूद है। सेना अस्पताल में चल रहे इलाज से तो यह साफ हो गया कि पाकिस्तानी सरकार द्वारा मसूद अजहर को पूरी तरह से सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं।  हालिया खबरें इस ओर इशारा करती हैं कि अजहर के गुर्दों ने काम करना बंद कर दिया है और उसका पाकिस्तानी सेना के मुख्यालय रावलपिंडी के एक सैन्य अस्पताल में इलाज चल रहा है और उसका नियमित डायलसिस किया जा रहा है। जैश-ए-मोहम्मद का सरगना ओसामा बिन लादेन का निकट सहयोगी था।गौरतलब है कि पुलवामा में हुए आतंकी हमले में 40 सीआरपीएफ के जवान शहीद हो गए थे, जिसकी जिम्मेदारी आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने ली थी। जिसके बाद जवाबी कार्रवाई करते हुए भारतीय वायुसेना ने पाक अधिकृत कश्मीर में स्थित जैश के बंकरों को ख़ाक कर दिया था।

उद्यमी ऩए भारत के आशा की किरण- साजिया इल्मी, उपाध्यक्ष, भाजपा दिल्ली प्रदेश

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-आज युवा जॉब क्रियेटर बन रहे हैं

ICCI द्वारा एजुकेशन टू इंटरनप्रेनरशिप समिट का भव्य आयोजन

नईदिल्ली-

इंटीग्रेटड चैबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा एजुकेशन टू इंटरप्रेनरशिप समिट का आयोजन इंडिया इंटरनेशनल सेंटर के ऑडिटोरियम में किया गया। इस एजुकेशन समिट में देश भर के शिक्षा के तमाम दिग्गजों ने संबोधित किया। इंटिग्रेटड चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (आईसीसीआई) द्वारा आयोजन इस नेशनल समिट में भाजपा दिल्ली प्रदेश उपाध्यक्ष साजिया इल्मी ने संबोधित करते हुए कहा कि आज इसी की जरूरत है। जिस विषय को आईसीसीआई ने चुना है। आज देश में सबसे ज्यादा युवा उद्यमी है जो विश्व में एक रिकॉर्ड है। आज देश बदल चुका है। सरकार भी उद्यमी को बनाने पर जोर दे रही है। सरकार ने कई ऐसी योजनाएं बनाई है जिसका आज प्रतिफल है कि युवा को अपने उद्योग शुरू करने में सहायता मिल रही है। उन्होंने कहा कि आज युवा जॉब क्रियेटर हो रहे हैं। इस खास समिट के पहले सेशन में प्रोमोटिंग इंटरप्रेनरशिप थ्रू इंटरप्रेनर एजुकेशन एंड मोटिवेटिंग स्टुडेंट पर चर्चा की गई। इस सत्र में मुख्य वक्ता के रूप में नेशनल बॉर्ड ऑफ एक्रेडेशन के चेयरमैन प्रो के के अग्रवाल ने संबोधित करते हुए कहा कि अब बदल कुछ बदल चुका है। आज युवाओं में उत्साह है। उन्हें मार्गदर्शन की जरूरत है। जिसकी जरूरत थी उसे पूरा किया गया है। आज शिक्षण संस्था में भी कई तरह के बदलाव हुए हैं अब युवाओं में क्रियेटिविटी देखा जा सकता है। उन्हें मार्गदर्शन देने की जरूरत है इस प्रकार के समिट से छात्रों को कई और फायदे होंगे।

इसके पहले अपने स्वागत भाषण देते हुए कॉन्सेट्रिक्स के सीनियर डायरेक्टर कमलेंदु वाली ने कहा कि आईसीसीआई नए उद्यमियों को आगे बढ़ाने के लिए तत्पर है जिसमें एकेडमिशियन की सहायता करने की जरूरत है और यह संभव हो रहा है। आईसीसीआई एक स्टेज है जहां उद्यमी लगातार जुड़ रहे हैं वहीं एकेडमिया और इंडस्ट्री के गैप को पाट रहा है।

इस सत्र को संबोधित करते हुए आईटीएस ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन के वाइस चेयरमैन अर्पित चड्डा ने कहा कि आईटीएस ऐसे छात्रों को तैयार करने में विश्वास करता है जिससे वे जॉब सिकर नहीं जॉब क्रियेटर बने। आईसीसीआई ने इस तरह के विषय का चुनाव किया है इससे निश्चिततौर पर युवाओं को लाभ मिलेगा। इस सेशन को संबोधित करते हुए हिमालयन ग्रेवाल यूनिवर्सिटी के वाइस चासंलर प्रो. एनके सिन्हा ने कहा कि आईसीसीआई ने जिस प्रकार से एक वर्ष कार्य किया है वह अद्भूत है। आज युवाओं को बढ़ावा देने की जरूरत है। जिसके लिए हम सब प्रयासरत हैं। इस तरह के समिट से युवाओं को लाभ मिलेगा।

दूसरे सत्र में मुख्य वक्ता के रूप में एआईसीटीई के एडवाइजर प्रो. हरिहरन ने संबोधित करते हुए कहा कि आज बदलाव साफ दिखने लगा है। एआईसीटीई भी लगातार संस्थानों में जाकर उनकी समस्या को समझ रहा है। और  अत्याधुनिक बनाने पर जोर दे रहा है। इससे आज कई तरह के बदलाव हुए हैं। आईसीसीआई ने जो कदम उठाए हैं इसके दूरगामी प्रभाव पड़ेगा। इस मौके पर एआईसीटीई के डायरेक्टर डॉ रमेश उन्नीकृष्णन ने संबोधित करते हुए कहा कि वे देशभर के कॉलेजों में जाते हैं जहां आज युवा कई तरह के नए इनोवेशन किये हैं जिसके लिए एआईसीटीई भी तैयार है। एआईसीटीई ने कई तरह के कार्यक्रमों की शुरुआत की है जिसका फायदा विद्यार्थियों को मिलने लगा है। इस मौके पर सीबीसीई के डायरेक्टर (स्किल डेवलपमेंट) ले. कर्नल कैलाश बंसल ने कहा कि आज युवाओं में स्किल बढ़ाने की जरूरत है जिसके लिए सरकार कई तरह की योजनाओं को लागू किया है। यहीं कारण है कि आज स्टार्ट अप की बाढ़ आई है और हम विश्व में नंबर वन पर हैं। इस मौके पर एनडीआईएम के चेयरमैन वीएम बंसल ने कहा कि आज युवाओं ने कई कीर्तिमान स्थापित किए हैं। एनडीआईएम ने लगातार अभी तक दो हैक्थोन का आयोजन किया है और तीसरा का आयोजन करने जा रही है जिसमें सैकड़ों छात्र भाग ले रहे हैं। एनडीआईएम इन युवाओं को रोजगार की व्यवस्था भी कर रही है। आईसीसीआई ने जिस प्रकार से यह आयोजन किया है इसके लिए इन्हें बधाई। आईसीसीआई जैसी संस्था को युवा उद्यमी के लिए आगे आना होगा और तेजी से देश के लिए कार्य करना होगा। इस समिट को धन्यवाद ज्ञापन करते हुए आईटीएस के डायरेक्टर अजय कुमार ने कहा कि हमने पिछले वर्ष एजुकेशन कॉन्कलेव का आयोजन किया था जिसमें छात्रों को काफी फायदा हुआ। आज इस समिट में छात्र भी है तय है कि इसका दूरगामी प्रभाव पड़ेगा। गौरतलब है कि आईसीसीआई देश के बड़े आर्थिक थिंक टैंक है जो सभी सेक्टरों के उद्यमियों को एक मंच देता है।

 

अब बदल जाएगा अभिनंदन का अर्थ-मोदी

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नयी दिल्ली-

विंग कमांडर अभिनंदन का स्वदेश लौटने पर जोरदार स्वागत हो रहा है इस बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि कभी अभिनन्दन का अर्थ होता था स्वागत और अब अभिनन्दन का अर्थ ही बदल जाएगा। उनकी इस टिप्पणी को पाकिस्तान से रिहा भारतीय पायलट के संदर्भ में देखा जा रहा है। मोदी ने एक कार्यक्रम के दौरान कहा, ‘भारत की ताकत है कि वो डिक्शनरी के शब्दों का अर्थ बदल देता है। कभी अभिनन्दन का अर्थ होता था स्वागत और अब अभिनन्दन का अर्थ ही बदल जाएगा।’ पाकिस्तानी विमानों द्वारा भारतीय वायुसीमा के उल्लंघन के दौरान अदम्य वीरता का प्रदर्शन करने वाले विंग कमांडर अभिनंदन शुक्रवार रात को पाकिस्तान से स्वदेश वापस लौट आए। उनकी वापसी से पहले के कुछ घंटे संशय से भरे रहे। इस कदम को आतंकवाद का पाकिस्तान से जारी समर्थन पर भारत के जवाब के बाद उत्पन्न तनाव की स्थिति को कम करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के तौर पर देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अभिनंदन की वापसी का स्वागत करते हुए शुक्रवार को अपने ट्वीट में कहा था, ‘विंग कमांडर अभिनंदन आपका घर में स्वागत है। राष्ट्र को आपके अदम्य साहस पर गर्व है। हमारे सशस्त्र बल देश के 130 करोड़ भारतीयों के लिये प्रेरणा का स्रोत हैं।’ गौरतलब है कि अभिनंदन ने जिस शौर्य का परिचय दिया है इसका देशभर में स्वागत हो रहा है। उन्होंने पाकिस्तान के एफ16 को खदेड़ते हुए उसे गिराया।

जानें विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान के बारे में

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21 जून, 1983 को पैदा हुए 35 वर्षीय विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई के पास सेलायुर इलाके के रहने वाले हैं. साल 2004 में उनकी भारतीय वायुसेना में फ्लाइंग ऑफिसर के पद पर नियुक्ति हुई थी.

अभिनंदन एक रिटायर्ड एयर मार्शल के बेटे हैं. उन्होंने भारतीय वायुसेना में ईस्टर्न एयर कमांड चीफ के तौर पर काम किया था.

अभिनंदन के पिता मणि रत्नम की फिल्म काटरू वेल्यिदाई में एक कंसल्टेंट के तौर पर थे. यह फिल्म कारगिल युद्ध पर बनाई गई थी. इस फिल्म में एक इंडियन पायलट को पाकिस्तान के कब्जे में दिखाया गया है.

अभिनंदन साल 2004 में भारतीय वायुसेना में शामिल हुए थे. उनका सर्विस नंबर 27981 है. बताया जा रहा है कि विंग कमांडर अभिनंदन के भाई भी एयरफोर्स में हैं.

अभिनंदन की शादी हो चुकी है और उनके दो बच्चे हैं. उनकी पत्नी भी एयर फोर्स में रह चुकी हैं. अभिनंदन की पत्नी का नाम तन्वी मारवाह है. वह भी एयर फोर्स में स्क्वाड्रन लीडर के पद पर रह चुकी हैं. एक समय पर पति-पत्नी दोनों एयर फोर्स में रहकर देश की सेवा कर रहे थे.

तन्वी मारवाह भी एयर फोर्स की बहादुर ऑफिसर मानी जाती थीं. रिटायरमेंट के बाद भी तन्वी मारवाह का नाम एयर फोर्स में सम्मान के साथ लिया जाता है. आज भी उनके साथ के अफसर तन्वी की बहादुरी के किस्से सुनाते हैं. अभिनंदन भी एक दिलेर पायलट हैं, जिनकी तारीफ उनके साथी करते नहीं थकते हैं. अभिनंदन के जज्बे की तारीफ हो रही है.

भारत रक्षक वेबसाइट के मुताबिक अभिनंदन साल 2004 में भारतीय वायुसेना में शामिल हुए थे. उनका सर्विस नंबर 27981 है. बताया जा रहा है कि विंग कमांडर अभिनंदन के भाई भी एयरफोर्स में हैं.

साल 2011 में न्यूज चैनल के एक प्रोग्राम में अभिनंदन ने अपने अनुभव के बारे में बातचीत की थी. यहां उन्होंने कहा था कि फाइटर पायलट के लिए सबसे जरूरी चीज टीमवर्क है. तब अभिनंदन फ्लाइट लेफ्टिनेंट के तौर पर इंडियन एयरफोर्स का हिस्सा थे. उन्होंने कहा था –

 

मैं अपने को-पायलट पर पूरा भरोसा करता हूं और वो मुझ पर भरोसा करता है. यही हमारी सबसे अहम ट्रेनिंग होती है. एक दूसरे पर आंख मूंद पर भरोसा करते हैं. एक दूसरे पर भरोसा करने के अलावा इसमें कोई भी दूसरा रास्ता नहीं देखा जा सकता है

दुश्मन के इलाके में भी कायम है जज्बा

34 साल के अभिनंदन ने 2011 में एक फूड ट्रैवल शो में कहा था कि ‘बैड एटीट्यूड’ ही एक अच्छा फाइटर बनाता है. एयरफोर्स के मिग-21 क्रैश होने के बाद अभिनंदन पाकिस्तान सीमा में गिरे. अपने फाइटर जेट से इजेक्ट होने के बाद जमीन पर पहुंचते ही उन्हें पाक सेना ने गिरफ्तार कर लिया. इसके बाद उनका एक वीडियो भी जारी किया गया. इस वीडियो में अभिनंदन के चेहरे पर बिल्कुल भी शिकन नहीं दिख रही थी. दुश्मन के इलाके में भी उनके इस जज्बे की हर तरफ तारीफ हो रही है.

भारतीय एयरफोर्स की एयर स्ट्राइक के बाद पाकिस्तानी एयरफोर्स के फाइटर्स ने 27 फरवरी सुबह जम्मू-कश्मीर में घुसने की कोशिश की. जिसके बाद भारतीय फाइटर विमानों ने उड़ान भरी और इसका जवाब दिया. लेकिन इसी बीच पाकिस्तान ने इंडियन एयरफोर्स के विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान को गिरफ्तार कर लिया. हालांकि पाकिस्‍तान के पीएम इमरान खान ने 28 फरवरी को ये ऐलान कर दिया कि भारत के पायलट को अगले दिन रिहा कर दिया जाएगा.

अभिनंदन ने पाकिस्तानी सेना के सामने हार नहीं मानी. जारी वीडियो में देखा जा रहा है कि पाकिस्तानी सेना के अफसर उनसे पूछ रहे हैं कि वो कौन सा फाइटर उड़ा रहे थे और उनका क्या मिशन था? लेकिन इसके जवाब में विंग कमांडर अभिनंदन ने कहा कि सॉरी मैं आपके साथ ये सब शेयर नहीं कर सकता हूं.

विपक्ष में महागठबंधन अब नए सिरे से रणनीति बनाने में जुटी

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पुलवामा आतंकी हमले के बाद से बैकफुट पर चल रहे विपक्षी दलों ने आम चुनाव से पहले गठबंधन के समीकरण पर दोबारा से निर्णय करने का फैसला किया है। पश्चिम बंगाल में कांग्रेस का टीएमसी के साथ और दिल्ली में आम आदमी पार्टी के साथ लोकसभा चुनाव में गठबंधन के रास्ते को खुला रखने की बात पर सहमति बनी। हालांकि उत्तर प्रदेश में अभी इस मुद्दे पर कोई प्रगति नहीं हुई, जहां एसपी-बीएसपी और कांग्रेस अलग-अलग चुनाव लड़ रहे हैं।
बुधवार को विपक्षी दलों की मीटिंग में इसके लिए कांग्रेस से सकारात्मक पहल करने की मांग क्षेत्रीय दलों ने की। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने नए सिरे से उन दलों के साथ गठबंधन करने की दिशा में सकारात्मक पहल करने की बात मानी। राहुल गांधी ने नेताओं से कहा कि पश्चिम बंगाल और दिल्ली दोनों राज्यों की पार्टी इकाई गठबंधन के खिलाफ है।

पाकिस्तान का यूटर्न,  सिर्फ एक भारतीय पायलट हिरासत में

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नई दिल्ली

भारत और पाकिस्तान का विवाद बढता ही जा रहा है। दोनों देशों में तनातनी है। इस बीच पुरानी तस्वीरें दिखाकर फर्जी जानकारी देने वाले पाकिस्तान का एक और झूठ सामने आ गया है। सीमा पर भारतीय जेट द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई के बाद पाकिस्तान ने दावा किया था कि उसकी हिरासत में 2 भारतीय पायलट हैं। हालांकि शाम होते-होते पाकिस्तानी आर्मी के प्रवक्ता मेजर जनरल आसिफ गफूर ने खुद ही ट्वीट कर कहा कि उनकी हिरासत में सिर्फ एक पायलट है। रिपोर्टों में बताया जा रहा है कि अस्पताल में जख्मी हालत में जिस पायलट को पाकिस्तान भारत का बता रहा था, वह पाकिस्तान के ही एयरफोर्स का पायलट निकला। पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता मेजर जनरल आसिफ गफूर ने यूटर्न लेते हुए ट्वीट किया, ‘पाकिस्तानी सेना की हिरासत में सिर्फ एक ही पायलट है। मिलिट्री कानूनों के तहत ही विंग कमांडर अभिनंदन के साथ व्यवहार किया जा रहा है।’ इस ट्वीट के साथ प्रवक्ता ने एक तस्वीर भी शेयर की है।

कश्मीर पाने की हसरत में खुद को ही बर्बाद करने पर तुला हुआ है पाक

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पाक प्रायोजित आतंकवाद के चलते ही कश्मीर पाने की हसरत को पूरा करने के लिए उसने अपनी कई ‘‘नस्लों’’ को बर्बाद कर दिया। पूरी दुनिया में पाकिस्तान की पहचान आतंकवादी देश के रूप में होती है। इसकी कीमत भारत को भी चुकानी पड़ी।

जम्मू-कश्मीर के ‘उरी’ में सितंबर 2016 में 18 सैनिकों को मौत का दर्द भारत भूला भी नहीं था कि पाक प्रायोजित आतंकवाद ने पुलवामा में हमारे करीब 44 जांबाज आरपीएफ जवानों की जान ले ली। उरी हमले के बाद पड़ोसी को सबक सिखाने के लिए भारतीय सेना के जवानों ने पाकिस्तान की सीमा में घुस कर सर्जिकल स्ट्राइक की थी, जिसमें कई आतंकवादी, पाक सेना के जवान मारे गए थे और गुलाम कश्मीर में आतंकवादियों के लिए बने लॉन्च पैड को बारूद से उड़ा दिया गया था, लेकिन इससे पाकिस्तान सरकार ने सबक नहीं लिया। अगर सबक लेता तो पुलवामा में इतनी बड़ी आतंकवादी कार्रवाई कराने का साहस पाकिस्तान नहीं जुटा पता। यह भी तय है कि अबकी से पाकिस्तान को सर्जिकल स्ट्राइक से भी बड़ा खामियाजा भुगतना पड़ेगा। प्रधानमंत्री मोदी कह भी चुके हैं कि जवानों की शहादत बेकार नहीं जाएगी। पाकिस्तान पर सैन्य कार्रवाई तो होगी ही इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीय सेना को आतंकवादियों के खिलाफ कार्रवाई की खुली छूट देने के साथ-साथ पाकिस्तान से मोस्ट फेवर्ड नेशन का दर्जा वापस ले लिया है। पाकिस्तान को आतंकवाद के मोर्चे पर घेरने के लिए भारत कूटनीतिक प्रयास भी कर रहा है। हो सकता है अबकी से पाक के खिलाफ ऐसी कार्रवाई हो जिसके बाद वह आतंकियों को पनाह देने से पहले सौ बार सोचेगा। पुलवामा में जो 44 जवान शहीद हुए हैं उसमें 12 तो सिर्फ उत्तर प्रदेश के ही हैं।

भारत और पाकिस्तान में छिड़ी जंग , सेना मोर्चे पर तैनात

बहरहाल, पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद भारत के लिए हमेशा चिंता का सबब रहा है। 1947 में हिन्दुस्तान के बंटवारे के बाद यह उम्मीद की जा रही थी कि भारत और पाकिस्तान अब शांति से रहेंगे। दोनों देशों की चुनी हुई सरकारें अपने मुल्क को आगे बढ़ाएंगीं, तब पाकिस्तान के हुक्मरानों ने देश को आगे बढ़ाने, डॉक्टर-इंजीनियर बनाने की बजाए आतंकवादी पैदा करना शुरू कर दिया, बंटवारे में जो भू-भाग उसे मिला था, उस पर सफलता की शानदार इमारत खड़ी करने की बजाए पाकिस्तान, भारत से कश्मीर हासिल करने का राग अलापने लगा। इसके लिए कभी उसने मुम्बई में विस्फोट कराया तो कभी संसद भवन पर हमले में उसका नाम सामने आया। 12 मार्च 1993 को मुंबई में आंतकियों ने बम धमाके को अंजाम दिया। इस धमाके में 257 लोगों की मौत हुई जबकि 717 नागरिक घायल हुए थे। इस हमले का मुख्य साजिशकर्ता दाऊद इब्राहिम था। 14 फरवरी 1998 को कोयम्बटूर में मुस्लिम कट्टरपंथी संगठन अल उम्माह ने 11 जगहों पर धमाके किए। इस संगठन ने कुल 12 बम धमाके किए। कुल 58 नागरिकों की मौत हुई जबकि 200 नागरिक घायल हुए। माना जा रहा था कि इस हमले में लाल कृष्ण अडवाणी को टारगेट करने की कोशिश हुई थी।

भारत की राजधानी दिल्ली में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा ने 13 दिसंबर 2001 को संसद पर बड़ा आत्मघाती हमला किया था। इस हमले में 5 आतंकवादी मारे गए थे। जबकि दिल्ली पुलिस के 6 सहित संसद के 2 सुरक्षाकर्मी शहीद हो गए थे। इसमें एक माली की भी मौत हो गई थी। गुजरात के गांधीनगर स्थित अक्षर धाम मंदिर में दो आंतकियों ने 24 सितंबर 2002 को बड़ा हमला किया था। इस हमले में 30 लोगों की मौत हुई थी जबकि 80 नागरिक घायल हो गए थे। दोनों आंतकी जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े थे। 29 अक्टूबर 2005 को लश्कर-ए-तैयबा ने सीरियल बम ब्लास्ट करके राजधानी दिल्ली को दहला दिया था। आतंकियों ने 3 जगह बम धमाके किए थे। इस हमले में 62 लोगों की मौत हुई थी जबकि 210 नागरिक घायल हो गए थे। मुंबई की लोकल ट्रेन में आतंकियों ने 11 मिनट के अंदर 7 जगहों पर लगातार हमले हए थे। 11 जुलाई 2006 में हुआ ये हमला 1993 के धमाके के बाद से सबसे बड़ा धमाका था। इस धमाके में 209 लोगों की मौत हुई थी जबकि 700 लोग घायल हुए थे। दिल्ली से लाहौर को जोड़ने वाली समझौता एक्सप्रेस में 18 फरवरी 2007 को एक बड़ा धमाका हुआ था। बम धमाका यात्रियों से भरी दो बोगियों में हुआ था। हमले में 68 नागरिकों की मौत हुई थी जबकि दर्जनों लोग घायल हुए थे। मरने वालों में ज्यादातर पाकिस्तानी नागरिक और कुछ भारतीय भी थे।

जम्मू कश्मीर में हालात को देखते हुए अधिकारियों की छुट्टियां रद्द

26 नवम्बर 2008 को हुआ ये हमला इतिहास में अब तक सबसे बड़े हमलों में शुमार है। 10 आतंकी समुद्र के रास्ते से मुंबई में घुसे थे। आतंकियों ने नरिमन हाऊस, ताज होटल सहित ओबरॉय होटल पर कब्जा किया था। इस हमले में कुल 164 लोगों की मौत हुई थी जबकि 308 लोग जख्मी हो गए थे। तीन दिन चली इस मुठभेड़ में पुलिस और एनएसजी ने 9 आतंकियों को मार गिराया था जबकि अजमल कसाब को गिरफ्तार किया था। हमला आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा ने किया था। जिसका मुख्य साजिशकर्ता आतंकी हाफिज सईद था।
पिंक सिटी जयपुर में 13 मई 2008 को 15 मिनट के भीतर 9 बम ब्लास्ट हुए थे। जबकि 1 को सुरक्षाकर्मियों ने नष्ट कर दिया था। इस हमले में 63 लोगों की मौत सहित 216 से ज्यादा लोग घायल हुए थे। 30 अक्टूबर 2008 को हुए इस हमले में 81 लोगों की मौत हुई थी जबकि 470 लोग घायल हुए थे। 2 जनवरी 2016 को पंजाब के पठानकोट एयरफोर्स बेस में चार आतंकवादियों ने हमला कर दिया था। आतंकी सेना की वर्दी में घुसे थे। सभी आतंकी जैश-ए-मोहम्मद के बताए जा रहे थे। भारतीय सेना ने कड़ी कार्रवाई करते हुए सभी हमलावरों को मार गिराया। इस मुठभेड़ में 3 जवान शहीद हो गए थे।

 

पाक प्रायोजित आतंकवाद

पाक प्रायोजित आतंकवाद के चलते ही कश्मीर पाने की हसरत को पूरा करने के लिए उसने अपनी कई ‘नस्लों’ को बर्बाद कर दिया। पूरी दुनिया में पाकिस्तान की पहचान आतंकवादी देश के रूप में होती है। इसकी कीमत भारत को भी चुकानी पड़ी क्योंकि पाकिस्तान में आतंक की फैक्ट्री से जो आतंकवादी निकल रहे थे, उन्हें जम्मू-कश्मीर सहित हिन्दुस्तान के तमाम राज्यों में दहशत फैलाने के लिए भेजा जाता। पाकिस्तान के संदर्भ में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई अक्सर कहा करते थे, ‘हम लोग अपने दोस्त बदल सकते हैं, पर पड़ोसी नहीं बदल सकते।’ जो लोग यह सोचते हैं कि हम कब पाकिस्तान से बात या समझौता करेंगे, तो मैं बस उनको यही कहना चाहूंगा कि पिछले 55 वर्षों से सिर्फ भारत ही पाकिस्तान से बात करने की कोशिश कर रहा है। हमारे पास जो भी परमाणु हथियार हैं, वह किसी परमाणु हमले को खत्म करने के लिए हैं, ना कि किसी देश पर छोड़ने के लिए।’
खैर, यह सोच अटल जी की थी, लेकिन आज का नेतृत्व जानता है कि उसे पाकिस्तान को कैसे सबक सिखाना है। भारतीय सेना को आतंकवादियों के खिलाफ कार्रवाई की खुली छूट दे दी गई है। अंतरराष्ट्रीय मंच पर पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद का पदार्फाश किया जा रहा है। पाकिस्तान से मोस्ट फेवर्ड नेशन का दर्जा तो छीन ही लिया गया है, हो सकता है उसको भारत की नदियों से मिलने वाला पानी भी मिलना बंद हो जाए। वैसे, जल संधि के तहत ऐसा करना बहुत आसान नहीं लगता है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खेलो इंडिया एप किया लांच

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नयी दिल्ली-

एनडीए सरकार लगातार खेल को बढ़ावा दे रही है। इसी को ध्यान में रखते हुए अब एप्प लांच किया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) के अपनी तरह के पहले मोबाइल एप्लीकेशन ‘खेलो इंडिया एप’ को जारी किया जो कि देश में खेलों और फिटनेस के प्रति जागरूकता लाने से संबंधित है।

साई ने खेलो इंडिया कार्यक्रम के तहत इस एप्लीकेशन को तैयार किया है। इसका उद्देश्य प्रधानमंत्री के भारत में खेल पारिस्थितिकी तंत्र को विकसित करने और आने वाले वर्षों में देश को वैश्विक खेल महाशक्ति बनाने के विजन को आगे बढ़ाना है।